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शहरों के लोग अपनी जिंदगी कैसे बसर करते है

मैं यह नहीं जानता कि आप लोगों में से कितने लोग यह पोस्ट पढ़ रहे हैं उनमें से कितने लोग शहर के ये हैं या फिर कितने लोग गांव के हैं पर आज चीज के बारे में मैं आपसे बात करने जा रहा हूं एक काफी गंभीर विषय है गांव के होते हुए भी आप को पढ़ना चाहिए और यदि आप कुछ सिटी से हो तो भी आपको पढ़ना चाहिए आज का मुद्दा यह है कि शहरों की जिंदगी दिन-प्रतिदिन बदतर होती जा रही है उनके हालात दिन-प्रतिदिन बिगड़ते जा रहे हैं बहुत सारे ऐसे कारण हैं जिनकी वजह से उनके हालात बिगड़ रहे हैं और शेरों की जिंदगी बहुत ही कठिन हो गई है यहां पर जीवन गुजारना दूबर हो गया हो गया है इसके बहुत से कारण है जिसके बारे में आज हम चर्चा करेंगे |

शहरोंकी आबादी में लगातार वृद्धि होना 

यह आज एक आम समस्या हो गई है हर कोई व्यक्ति रोजगार के लिए गांव से शेर की तरफ जाता है और यह रुझान दिन-प्रतिदिन बढ़ता ही जा रहा है इससे शहरों की पापुलेशन में काफी ज्यादा सर्दी हो गई है और माहौल दिन-प्रतिदिन खराब होता जा रहा है क्योंकि गांव में रोजगार के साधन उपलब्ध नहीं होते हैं इसलिए उन्हें अपनी आजीविका चलाने के लिए शहरों में काम करने के लिए आना पड़ता है ताकि वह अपनी आजीविका चला सकें

बढ़ता हुआ कॉन्पिटिशन |

बढ़ता हुआ कॉम्पिटेशन भी आज शहरों की आज शहरों की एक आम समस्या बन गया है जैसे जैसे लोग रोजगार के लिए गांव से शहरों की तरफ आ रहे हैं वैसे वैसे कंपटीशन दिन प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है हर कोई अपना व्यवसाय चलाना चाहता है तथा रोजगार करना चाहता है इसलिए कंपटीशन बढ़ता जा रहा है और पैसे कमाना बहुत मुश्किल काम हो गया है आप जिस भी क्षेत्र में जाओगे वहां पर आपको कॉन्पिटिशन नजर आ जाएगा | इससे आम आदमी को बहुत ही तकलीफ का सामना करना पड़ता है इस कंपटीशन के चलते मार्केट में यदि कोई नया व्यक्ति या फिर नया ब्रांड आता है तो उसे मार्केट में टिकने के लिए बहुत ही ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है और यदि वे ऐसा नहीं करता है तो वह मार्केट में ज्यादा दिन नहीं चल पाएगा यदि कोई नया ब्रांड मार्केट में आता है तो उसे बाकी के ब्रांड के बदले में कम कीमत में उस ब्रांड को मार्केट में रखा जाना पड़ता है यदि वे ऐसा नहीं करता है तो वह प्रोडक्ट मार्केट में नहीं चल पाता है तथा उनका व्यवसाय रुक जाता है |

कम सैलरी में ही लंबे समय तक काम करना |

शेरों में यह काम बहुत ही ज्यादा खराब हो गया है जो भी व्यक्ति कहीं भी प्राइवेट जॉब करता है वहां पर उसे बहुत कम पैसा दिया जाता है उस पैसे से वह बड़ी मुश्किल बड़ी मुश्किल से ही अपना गुजारा चला पाता है इतनी कम सैलरी मिलती है और ऊपर से टाइम भी बहुत ज्यादा होता है रोजाना 10 से 12 घंटे काम करना पड़ता है इसके बदले में उसे 10,000से ₹12000 ही मिलते हैं इतनी कम सैलरी में कौन कॉम करना चाहता है फिर भी मजबूर होकर करना पड़ता है यदि आप एक प्राइवेट कंपनी में काम करते हो तो आपको ज्यादा से ज्यादा 10000 या फिर ₹15000 सैलरी ही मिल पाएगी आप इससे ज्यादा सैलरी नहीं कमा ज्यादा सैलरी नहीं कमा पाओगे यदि आपको इससे ज्यादा पैसा कमाना है तो आपको अलग से कोई पार्ट टाइम जॉब करना होगा या फिर आपके पास कोई ऐसी स्किल होनी चाहिए जिसमें आप माहिर हो तो आपको थोड़ा बहुत पैसा मिल सकता है अन्यथा आप को इतना ही पैसा मिलेगा तथा आपकी यही सैलरी रहेगी
प्रदूषण एक बड़ी समस्या |


आप जिस भी सीटि, शहर में जाओगे वहां पर आपको प्रदूषण देखने को मिल जाएगा प्रदूषण किसी एक चीज का नहीं होता है प्रदूषण हर चीज का होता है जैसे कि आप से रूम में जाओगे तो वहां पर एयर पोलूशन ज्यादा होगा इसके अलावा कूड़े कचरे का पॉल्यूशन आपको का पॉल्यूशन आपको हर जगह देखने को मिलेगा यह तो बहुत ही अच्छा हुआ कि मोदी सरकार ने स्वच्छ भारत अभियान चालू कर दिया वरना शेरों की हालत तो इतनी खराब हो जाती कि आम आदमी का आम आदमी आम आदमी का यहां पर रहना बहुत ही मुश्किल हो जाता था कुछ अच्छी सोच के लोगों ने भी भी यहां पर सरकार को स्वच्छता अभियान में सहयोग दिया जिससे हाथ स्वच्छ भारत भारत स्वच्छ भारत का मिशन काफी आगे बढ़ गया है
बढ़ा हुआ ट्राफिक |


आज आप शहर के किसी भी सड़क या गली या फिर मोहल्ले में जाओगे वहां पर आपको बहुत ही ज्यादा ट्राफिक देखने को मिलेगा यदि वहां पर आप रोड करो उस करना चाहोगे तो भी आपको बड़ी मुश्किल से रोड क्रॉस कर पाओगे आपको कर पाओगे आपको रोड क्रॉस करने के लिए कई मिनट खड़ा रहना पड़ेगा तथा बत्ती होने तक इंतजार करना पड़ेगा सुबह और शाम को तो इतना ट्राफिक हो जाता है कि आप रोड क्रॉस भी भी नहीं कर पाते हो मेन सिटी में तो आपको और भी ज्यादा तकलीफ होगी क्योंकि सबसे ज्यादा ट्रैफिक तो सिटी के अंदर ही होता है वहां पर तो आपको कदम कदम कदम पर सावधान होकर चलना पड़ता है है यदि आपने थोड़ी सी भी लापरवाही बरती तो दुर्घटना की संभावना बनी रहती है सबसे ज्यादा दुर्घटनाएं सिटी में ही होती है और सबसे ज्यादा ट्रैफिक भी सिटी के अंदर ही होता है